NewsPaper वाले पैसे कैसे कमाते हैं?

Newspaper वाले पैसे कैसे कमाते हैं। इस लेख में जानेंगे।

Newspaper को कौन नहीं जानता या फिर कौन नहीं पढ़ा होगा। जब टीवी नहीं हुआ करता था। तब भी NewsPaper था और अभी भी है। पहले NewsPaper ही खबरों को जानने का एक माध्यम हुआ करता था। किन्तु आज NewsPaper के अलावा टीवी और इन सबसे सुलभ इंटरनेट हो गया है।

टीवी और इंटरनेट के पॉपुलर होने के बाद समाचारपत्रों (NewsPapers) में कमी देखने को मिली है। किन्तु फिर भी बहुत से लोगों को सुबह-सुबह चाय के चुस्की के साथ NewsPaper पढ़ना काफी अच्छा लगता है।

टीवी और इंटरनेट के बाद भी NewsPaper का इस्तेमाल बहुत अधिक लोग करते हैं। इसे सफर के दौरान भी पढ़ना पसंद करते हैं। लेकिन क्या आपको पता है कि NewsPaper से पैसे कैसे कमाया जाता है। या फिर बोले कि NewsPaper वाले पैसे कैसे कमाते हैं।

यदि यह प्रश्न आपसे पुछा जाय तो शायद आपका जवाब होगा कि NewsPaper खरीदने के लिए पैसे लगते हैं। NewsPaper वाले इसी से पैसे कमाते होंगे। और आपको बता दूं कि बहुत से लोग यही सोचते हैं।

किन्तु ऐसा बिलकुल भी नहीं है। NewsPaper खरीदने के लिए जो पैसे देते हैं। उतने पैसे से तो इनकी NewsPaper ही ना छपे। तो फिर इससे इनकी कमाई कैसे हो सकती है। अगर आप भी जानना चाहते हैं कि NewsPaper वाले NewsPaper से पैसे कैसे कमाते हैं। तब इस लेख को अंत तक जरूर पढ़िए।

इसे भी पढ़ें: मोबाइल से पैसे कैसे कमाए?

NewsPaper से पैसे कैसे कमाया जाता है?

आज यदि मार्केट में एक आधार कार्ड को फोटो कॉपी करवाते हैं। तब आपको प्रत्येक फोटो कॉपी के पाँच रुपए लग जाते हैं। ऐसे में एक NewsPaper जिसमें 8-10 पेज होती है। उसे 5 रुपये में प्रिंट कैसे किया जा सकता है। हालांकि NewsPaper के पेज की क्वॉलिटी अच्छी नहीं होती है। फिर भी…

यहाँ NewsPaper वाले से मेरा तात्पर्य NewsPaper बांटने से नहीं है। बल्कि NewsPaper के मालिक से है। जैसे:- दैनिक भास्कर, हिन्दुस्तान, अमर उजाला, द टाइम्स ऑफ इंडिया, हिन्दुस्तान टाइम्स इत्यादि से है।

ये सब पैसे कैसे कमाते हैं। आपको बता दूं कि ये अपने NewsPaper पर विज्ञापन दिखाकर पैसे कमाते हैं। अब आप सोच रहे होंगे कि ये विज्ञापन क्या होता है।

तो किसी उत्पाद (Product) अथवा वस्तु के बिक्री को बढ़ाने और वस्तु के पॉपुलैरिटी को बढ़ाने के उद्देश्य से किया गया जनसंचार विज्ञापन कहलाता है। विज्ञापन कराने से किसी वस्तु की बिक्री बढ़ती है। जिससे वस्तु के मालिक को मुनाफा होता है। इसलिए वस्तु के मालिक विज्ञापन करवाते हैं। विज्ञापन कराने के पैसे भी लगते हैं।

अधिक जानकारी: विज्ञापन क्या है? इसके प्रकार और कार्य

आपने NewsPaper के पेज पर कोई अन्य सुचना, जानकारी या फोटो देखा होगा। जो समाचार (News) नहीं होता है। फिर भी समाचारपत्र (NewsPapers) पर लगा होता है। तो ये सब विज्ञापन ही होते हैं।

विज्ञापन को ऐसे प्लेटफॉर्म से जनसंचार किया जाता है। जहाँ से किसी वस्तु या उत्पाद की जानकारी बहुत लोगों के पास जा सकें। चूँकि NewsPaper को बहुत से लोग पढ़ते हैं। जिसके वजह से इसपर दिखाए गए विज्ञापन बहुत लोगों तक पहुँचता है। इसी कारण NewsPaper पर विज्ञापन किया जाता है। और इससे NewsPaper वाले भी अच्छे खासे पैसे कमा पाते हैं।

NewsPaper पर विज्ञापन हम और आप भी लगा सकते हैं। इसपर विज्ञापन लगाने का पैसा इसके पॉपुलैरिटी पर निर्भर करता है। वहीं इसके पेज पर लगाए गए विज्ञापन के Size पर भी डिपेंड करता है। जितने अधिक बड़ा होगा। उतने अधिक पैसे लगेंगे। वहीं NewsPaper के पहले पेज पर दिखाने के और अधिक पैसे लगते हैं।

विज्ञापन बहुत से माध्यम से किया जा सकता है। किन्तु इन सभी में टीवी, इंटरनेट और NewsPaper का सबसे अधिक इस्तेमाल होता है। इन तीनों पर विज्ञापन दिखाने के लाखों करोड़ो रुपये लगते हैं।

वैसे यदि आपको किसी NewsPaper पर किसी प्रकार का विज्ञापन करवाना है और जानना चाहते हैं कि इसके लिए कितने पैसे लगेंगे। तब यह आप इंटरनेट के द्वारा बहुत आसानी से पता कर सकते हैं।

इसके लिए आप Google Search Engine का इस्तेमाल कर सकते हैं। जैसे यदि आप हिन्दुस्तान न्यूजपेपर पर विज्ञापन करवाने का Price पता करना है। तब Google पर Hindustan Advertisement Rates सर्च करना है।

उसके बाद किसी एक वेबसाइट से जाकर देख सकते हैं। यहाँ आपको पूरी जानकारी मिलती है। यहाँ आपको कितना बड़ा, कहाँ, कैसा विज्ञापन लगाना इत्यादि सब अपने हिसाब से चेक कर सकते हैं। इसे आप releasemyad.com वेबसाइट से भी बहुत आसानी से चेक कर सकते हैं।

इसे भी पढ़ें: TV Channel वाले पैसे कैसे कमाते हैं?

Conclusion

उम्मीद करता हूँ कि यह लेख आपको पसंद आया होगा। NewsPaper वाले पैसे कैसे कमाते हैं। ये आप अच्छे से समझ गए होंगे। यदि अभी भी कुछ समझ नहीं आया हो। या फिर कुछ पुछना चाहते हैं। तब आप हमसे कमेंट के जरिए पुछ सकते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to top
Exit mobile version