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गेटवे क्या है और कैसे काम करता है?

गेटवे क्या है और गेटवे से आप क्या समझते हैं। क्या आप जानते हैं कि गेटवे क्या होता है। यदि आपको Gateway की जानकारी है। तब अच्छी बात है। लेकिन अगर आपको Gateway के बारे में कुछ भी पता नहीं है। तब इस लेख को जरूर पढ़िए। क्योंकि इस लेख में हमने Gateway की पूरी जानकारी बताया है। जिसमें बताया है कि Computer में Gateway क्या है, Gateway कैसे काम करता है, Gateway कितने प्रकार के होते हैं, Gateway की विशेषताएँ, कमियाँ और गेटवे किस लेयर पर काम करता है। सबकुछ विस्तार से बताया गया है। यानी मात्र इस एक लेख को अंत तक पढ़ने के बाद आपको Gateway की पूरी जानकारी हो जाएगा। अगर आप Gateway के बारे में जानना चाहते हैं? तब आपने Gateway का नाम पहले कभी जरूर सुना होगा।

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आपको यह भी पता होगा कि Gateway का कहाँ Use किया जाता है। तभी तो इसके बारे में जानने के लिए इस लेख को पढ़ रहे हैं। आपके जानकारी के लिए बता दे कि Gateway का उपयोग Computer Networking के क्षेत्र में किया जाता है। इसलिए अगर आप Computer के Student हैं। या फिर Computer अथवा Networking के Field में अपना Career बनाना चाहते हैं। तब आपको भी Gateway की जानकारी होनी चाहिए। एक Smart Computer User को भी इसके बारे में पता होना चाहिए। बहुतो को Gateway के बारे में कुछ भी पता नहीं होता है। इसका कारण यह है कि ज्यादातर लोगों को इसका नाम तक पता नहीं होता है। हालांकि Gateway के बारे में जानकारी हासिल करना सभी के लिए जरुरी नहीं है।

लेकिन अगर आप Computer Field में अपना Career बनाना चाहते हैं। या फिर Internet अथवा Computer Network की कार्यप्रणाली को समझना चाहते हैं। तब आपको इनके बारे में जानना होगा। इन्हें भी समझना होगा कि यह कैसे काम करते हैं। तभी आप Networking को सही से समझ पाएंगे। चूँकि Computer Network कई सारे तकनीकों व उपकरणों का उपयोग करता है। जिसमें कुछ महत्वपूर्ण उपकरणों के बारे में हमने पहले ही बता दिया है। Computer Network में Gateway भी एक महत्वपूर्ण उपकरण है। इसलिए सोचा कि क्यों न आज Gateway की जानकारी भी दे दी जाए। तो देर किस बात की चलिए जानते हैं कि एक Network में Gateway क्या है?

गेटवे क्या है? (What is Gateway in Hindi)

Gateway या Network Gateway एक Networking Device है। जिसका प्रयोग दो अलग अलग Protocol वाले Network को आपस में जोड़ने व दोनो के बीच संचार स्थापित करने के लिए किया जाता है। यह दोनो Network के बीच Gate के रुप में कार्यरत होता है। जो एक Router, Firewall, Server या कोई अन्य उपकरण हो सकता है। यह Traffic को Network के अंदर और बाहर जाने के लिए सक्षम बनाता है। एक Gateway Network के भीतर Nodes की सुरक्षा भी करता है। यह खुद भी एक Node होता है। Gateway किसी Network के Edge यानी किनारे पर कार्यान्वित होता है। क्योंकि Network के अंदर आने या बाहर जाने के लिए सभी डेटा को इससे होकर गुजरना होता है।

यह बाहरी Network से प्राप्त डेटा को आंतरिक Network के भीतर उपकरणों द्वारा मान्यता प्राप्त Format या Protocol में अनुवादित भी कर सकता है। इसलिए इसे प्रोटोकॉल परिवर्तक (Protocol Converters) भी कहते हैं। Router भी एक सामान्य प्रकार का Gateway है। जिसका उपयोग घरेलू Network में भी किया जाता है। यह स्थानीय Network के भीतर के Computers को Internet के साथ संचार स्थापित कराता है। Firewall भी एक उन्नत प्रकार का Gateway है। जो अंदर आने वाले और बाहर जाने वाले Traffic को Filter करता है। संदिग्ध या अनाधिकृत स्रोत से आने वाले डेटा को अस्वीकार करता है। Proxy Server भी एक अन्य प्रकार का Gateway है।

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यह दो Network के बीच Traffic को Filter करने के लिए Hardware और Software के संयोजन का उपयोग करता है। एक Proxy Server स्थानीय Computers को केवल अधिकृत वेबसाइटों की सूची तक पहुंचने की अनुमति दे सकता है। जब एक Network दूसरे Network से संचार स्थापित करना चाहता है। तब डेटा पैकेट को Gateway के पास भेज दिया जाता है। फिर Gateway डेटा पैकेट को Best Path के माध्यम से Destination तक भेज देता है। अक्सर एक Gateway को Router और Modem के संयोजन के रुप में जाना जाता है। एक Gateway मूलरूप से Protocol Converter होता है।

जरुर पढ़ें:-

  1. कंप्यूटर क्या है?
  2. इंटरनेट क्या है?
  3. कंप्यूटर नेटवर्क क्या है?

गेटवे कैसे काम करता है? (How Gateway Works in Hindi)

Gateway डेटा संचार का एक महत्वपूर्ण उपकरण है। ये Gateway अलग अलग Protocol का पालन करने वाले Network से जोड़ने में सक्षम होता है। चूँकि सभी Computer Network की एक सीमा होती है। जिसके अंदर सभी Computers आपस में संचार करते हैं। लेकिन जब किसी Network का कोई Computer अपने Network सीमा के बाहर के Computer या Network से संचार करना चाहे। तब उसको एक Gateway की आवश्यकता होती है। Gateway किसी Network के Edge Side स्थित होती है। यह उस Network के Internally या Externally डेटा को Manage करता है।

जब Network के किसी Computer को अपने Network के बाहरी Computer से संचार करना होता है। तब डेटा को पहले Gateway के पास भेजा जाता है। Gateway उस डेटा को Best और Efficient Path के माध्यम से Destination Computer तक भेज देता है। Gateway डेटा को Route करने के अलावा Host Network के Internal Paths और अन्य Network Paths की जानकारी भी रखता है। Gateway को मूलरूप से विपरीत Protocols वाले Network के बीच संचार स्थापित करने के लिए प्रयोग किया जाता है। क्योंकि Gateway एक Protocol Converters है। यह OSI Model के सभी Layer पर कार्य करता है।

गेटवे के प्रकार (Types of Gateway in Hindi)

डेटा Flow के आधार पर Gateway को मोटे तौर पर निम्नलिखित दो वर्गो में विभाजित किया जाता है।

  1. Unidirectional Gateway
  2. Bidirectional Gateway

कार्य के आधार पर Gateway के अनेको प्रकार हो सकते हैं। कुछ प्रमुख Gateway निम्नलिखित है।

  1. Network Gateway
  2. Cloud Storage Gateway
  3. IOT Gateway
  4. Media Gateway
  5. Email Security Gateway
  6. VoIP Trunk Gateway

चलिए सबसे पहले Gateway के प्रकार को डेटा Flow के आधार पर जानते हैं।

1. Unidirectional Gateway

वह Gateway जो डेटा को केवल एक दिशा में Flow करने की अनुमति देते हैं। Unidirectional Gateway कहलाते हैं।

2. Bidirectional Gateway

वह Gateways जो डेटा को दोनो दिशाओं में Flow करने की अनुमति देता है। Bidirectional Gateway कहलाता है।

मुझे उम्मीद है कि डेटा Flow के आधार पर Gateway के इन दो प्रकार को समझ गए होंगे। चलिए अब Gateway के प्रकार को कार्य के आधार पर जानते हैं।

1. Network Gateway

Network Gateway सबसे सामान्य प्रकार का Gateway है। जो दो अलग अलग Protocol का पालन करने वाले Network को आपस में जोड़ने का काम करता है। जब भी Gateway शब्द का उल्लेख होता है। तब सामान्य रुप से Network Gateway को ही निर्दिष्ट किया जाता है।

2. Cloud Storage Gateway

Cloud Storage Gateway सामान्यत एक Network Node या Server है। जो विभिन्न Cloud Storage Services API Call के साथ Storage Requests को Translate करता है। यह निजी Cloud Storage को Application में Integrate करने की सुविधा भी देता है।

3. IoT Gateway

IoT का Full Form Internet of Thing होता है। यह IoT Environment में Device से सेंसर डेटा को एकत्रित करता है। उसे सेंसर प्रोटोकॉल के बीच अनुवाद करते हैं। फिर Cloud Network पर भेज देता है।

4. Media Gateway

Media Gateway एक Network के डेटा Format को दूसरे Network के लिए आवश्यक Format में बदलता है।

5. Email Security Gateway

Email Security Gateway उन ईमेल के प्रसारण को रोकता है। जो Policy के Against या दुर्भावनापूर्ण इरादे के साथ स्थानांतरित किया जाता है।

6. VoIP Trunk Gateway

VoIP का Full Form Voice Over Internet Protocol होता है। यह Gateway VoIP Network के साथ सादे पुराने टेलीफोन सेवा उपकरणों जैसे कि Landline Phone और Fax Machine के बीच डेटा Transmission की सुविधा प्रदान करने के लिए उपयोग किया जाता है।

इसके अतिरिक्त भी Gateways हो सकते हैं। एक सेवा प्रदाता अपने स्वयं के व्यक्तिगत गेटवे विकसित कर सकता है। जिसका प्रयोग ग्राहक कर सकते हैं। उदाहरण के तौर पर Amazon Web Services (AWS) में एक Amazon API Gateway है। जो एक Developer को गैर-एडब्ल्यूएस अनुप्रयोगों को एडब्ल्यूएस बैक और संसाधनों से जोड़ने की अनुमति देता है। चलिए अब Gateway के विशेषताओं को देखते हैं।

गेटवे की विशेषताएँ (Features of Gateway in Hindi)

गेटवे की निम्नलिखित विशेषताएँ है।

  • गेटवे पैकेट स्विचिंग तकनीक का प्रयोग कर पूरे नेटवर्क में डेटा Transmit करता है।
  • गेटवे नेटवर्क में डेटा Transmit करने के लिए Routing Paths की जानकारी भी रखता है।
  • गेटवे दो अलग-अलग Protocol के साथ काम करने वाली दो नेटवर्क के बीच मार्ग प्रशस्त करता है।
  • गेटवे नेटवर्क के सीमा पर स्थित होता है। ताकि आने वाले या जाने वाले डेटा का प्रबंधन कर सके।
  • गेटवे नेटवर्क में एक Protocol Converter के रुप में कार्य करता है। ताकि दो अलग अलग नेटवर्क के बीच Compatability प्रदान करे।
  • गेटवे की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह OSI Model के सातो Layer पर कार्य कर सकता है।

गेटवे की कमियां (Limitations of Gateway in Hindi)

गेटवे की निम्नलिखित कमियां है।

  • एक गेटवे हमेशा Information को Translate करती है। जिससे Time Delay एक सामान्य बात है।
  • एक गेटवे की समस्या को ठीक करना आसान नहीं होता है।

गेटवे से जुड़े सवाल जवाब (FAQ)

1. गेटवे किसे कहते हैं?

Computer Network का वह Device जो दो अलग अलग Protocol का पालन करने वाले Network के बीच Communication स्थापित करता है। गेटवे कहलाता है। यह दोनो नेटवर्क के बीच गेट के रुप में स्थित होता है।

2. गेटवे का क्या कार्य है?

गेटवे का कार्य किसी दो नेटवर्क के बीच गेट रुप में होता है। इसका मुख्य कार्य Protocol Converter के रुप मे होता है।

3. गेटवे की आवश्यकता क्या है?

हर एक Network की एक सीमा होती है। जिसके अंदर सभी Computer आपस में Communicate करते हैं। लेकिन इन Computers को अपने Network सीमा के बाहर के Computers अथवा अन्य Network से Communicate करने के लिए गेटवे की आवश्यकता होती है।

4. गेटवे किस लेयर पर काम करता है

OSI Model के कुल सात Layer होते हैं और यह गेटवे इन सातो Layer पर काम करता है।

Conclusion – Network Gateway in Hindi

एक नेटवर्क में गेटवे सामान्यतः उस नेटवर्क के Boundary पर स्थित होता है। यह OSI Model के सभी परतो पर काम करने के साथ दो अलग अलग Protocol वाले Network के साथ भी काम करता है। आसान भाषा में आप Network Gateway को Network का Gate समझ सकते हैं। जिससे किसी एक Network के अंदर के Computer नेटवर्क के बाहर के Computer के साथ Communicate कर पाते हैं। यह लेख आपको कैसा लगा? अपना विचार हमे कमेंट के माध्यम से जरुर बताएं। उम्मीद करता हूँ कि यह लेख आपको पसंद आया होगा और बहुत कुछ जानने को मिला होगा।

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